रोमांटिक गीत-ख़ुशामद । Romantic geet-khushamad । प्यार में तकरार की नज़्म । शिकवे शिकायत की नज़्म

ख़्वाहिशें और थीं हाल हैं कुछ ज़ुदा सूरतें किस्मतों की बदलती नहीं थक गये हम दुआ मांगते मांगते हाथ की कुछ लकीरें बदलती नहीं हमने सुन लीं हैं ढेरों नसीहत है गज़ब की तुम्हारी शरीयत गर्क हो जायेंगे हम तुम्हारी कसम बेरहम ये नजीरें बदलती नहीं आपको आपकी साफगोई क्या कहूँ हर दफ़ा आँख रोई

यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ पर हाहाकारी कविता । UP CM yogi adtiyanath par hahakaari Kavita

  अब भगवा कहो या केशरिया, सर चढ़कर के रंग बोला है उत्तर ने उत्तर खोज लिया, यू पी योगी संग डोला है  आवाम घरों से निकल पड़ी, यूपी भगवा रंगी कर दी गुलफ़ाम ख़लीफ़ा जितने थे, तवियत उनकी चंगी कर दी दुर्दिन दशकों के सुलग उठे, इक धुवाँ गगन पर छाया है आक्रोश दिलों

कविवर भूधरदास जी कृत बारह भावना। Kavivar Bhudhar das ji krit barah bhawana

                    बारह भावना राजा राणा छत्रपति, हाथिन के असवार । मरना सब को एक दिन, अपनी-अपनी बार ॥ दल बल देवी देवता, मात-पिता परिवार । मरती बिरिया जीव को, कोऊ न राखन हार ॥ दाम बिना निर्धन दुखी, तृष्णा वश धनवान । कबहूँ न सुख संसार

संत जैन आचार्य 108 श्री विद्यासागर महाराज जी पर कविता। sant Jain Acharya 108 Shri Vidyasagar Maharaj ji par poem

 चित्र साभार-vidyasagar.net   -आचार्य श्री के चरणों में 4 पंक्तियाँ- कैसे कह दूँ क्यों बहती हैं, मैं क्या जानूं क्या कहती हैं होकर बे-होश बहक जातीं, भीगी-भीगी सी रहती हैं भगवान अगर यूँ मिल जायें, कोई कैसे ना बेसुध हो गुरुवर को देख छलक जातीं, अखिंयां मेरी रो पड़ती हैं।   -आचार्य श्री विद्यासागर जी

होली मिलन कार्यक्रम का आमंत्रण ड्राफ्ट । invitation draft sample of holi milan function

    रंग बिरंगी दुनिया लाये, संग उमंगों के संजोग लाल हरे कुछ नीले पीले, नारंगी मतवाले लोग होली पर खुशियां भी होलीं, छैल छबीलीं गुलनारीं खुशियों वाले रंग लगाने, आये हैं दिलवाले लोग   स्नेही स्वजनों, आप सबको होली की रंग भरी शुभकामनायें.. मित्रो, रंगों का खूबसूरत कारवाँ किसे नहीं लुभाता। रंगों का निर्माण

अतिथि स्वागत शायरी । मंच संचालन शायरी । दीप प्रज्जवलन शायरी । Guest Shayari । stage Shayari । Deep prajjwalan Shayari

    अतिथि स्वागत शायरी फूल दरख्तों पर खिले हुये कम ही देखे हैं हमने तो नज़र नज़र केवल गम ही देखे हैं आप ऐसी तासीर कहाँ से पाये हैं ज़नाब हमने हमेशा मुस्कराने वाले कम ही देखे हैं जगमोहन सी बातें करके, लूट लूट ले जाते हैं सौगातों की झोली भर कर, प्यार बांटते

रोमांटिक शायरी ‘कम पढ़ा होता’ । Romantic shayari ‘kam padha hota’

    दिलों में बवाल होंठों पर सवाल रक्खो ज़माना टेढ़ा है तुम भी टेढ़ी चाल रक्खो आखिरी हिचकी है बाक़ी तू अभी रहने दे आखिरी दांव लगायेंगे लगाने वाले पूछ कर हाल बतायेंगे ज़माने भर को ये तमाशा भी बनायेंगे बनाने वाले हमने सूरज भी बनाया है जलाया बरसों वो चिरागों को हैं खैरात

मंच संचालन स्क्रिप्ट-होली मिलन । Anchoring script- Holi milan

  खुसरो रैन सुहाग की, जागी पी के संग तन मेरो मन पियो को, दोऊ भये इक रंग   1) भूमिका:- -कितनी ख़ूबसूरत बात ख़ुसरो साहिब ने कही है। सचमुच होली हो भी, तो ऐसी ही हो जहाँ रँज़, गम, विषाद की कलुषित कालिमायें, प्रेम रूपी गुलालों के रंग में रंग जायें। और सच भी

होली पर रोमांटिक गीत (3 गीतों की प्रस्तुति ) । Holi par Romantic geet (3 Geeton ki prastuti)

          ( Track/धुन-जिहाल-ए-मस्ती मकुन-ब-रन्जिश, बहाल-ए-हिज़्रा बेचारा दिल है, फिल्म-गुलामी )                      ‘फैसला’ इस बार होली, नहीं ठिठोली, हम फैसले के लिये अड़े हैं लो भंग चढ़ा के लो रंग लगा के, तेरी गली में निकल पड़े हैं गुलाब की शोखियाँ चुराकर, पलाश

Anchoring script of School college farewell party in hindi। मंच संचालन स्क्रिप्ट-स्कूल कॉलेज फेयरवेल पार्टी

    Anchor Female– परम आदरणीय Principal Sir एवम हमारे सभी आदरणीय गुरुजन, आप सबके चरणों में सादर वंदन करती हूँ। आज के इस कार्यक्रम में उपस्थित, हमारे विद्यालय के सभी वरिष्ठ जनों को सादर नमन करती हूँ। एवम, हम सभी juniors के well-wishers, हमारे सभी seniors को सादर प्रणाम करते हुये, हमारे सभी साथियों